नई दिल्ली, भारत (UNA) : भारत की साइबर सुरक्षा एजेंसी CERT-In ने Apple के उपकरणों के लिए एक विस्तृत सुरक्षा सलाह जारी की है, जिसमें कहा गया है कि Apple के लोकप्रिय और व्यापक रूप से इस्तेमाल होने वाले प्लेटफॉर्म्स में बहुत-सी खतरनाक कमजोरियाँ पाई गई हैं। इन प्लेटफॉर्म्स में शामिल हैं iOS, iPadOS, macOS, watchOS, tvOS, visionOS तथा Safari ब्राउज़र। चेतावनी में यह उल्लेख है कि यदि ये कमजोरियाँ एक्सप्लॉइट की जाएँ तो हमला करने वाला उपकरण को पूरी तरह नियंत्रित कर सकता है, डेटा चुरा सकता है, सुरक्षा प्रतिबंधों को बायपास कर सकता है और सेवा ठप्प कर सकता है।
विशेष रूप से, निम्न वर्जन वाले सॉफ़्टवेयर वाले उपकरणों को अधिक जोखिम में बताया गया है: जैसे iOS/iPadOS 26.1 से पहले, macOS Sequoia 15.1 से पूर्व वर्जन, watchOS 11.1 से पूर्व वर्जन, tvOS 18.1 से पूर्व वर्जन आदि। CERT-In ने उपयोगकर्ताओं को तुरंत अपने उपकरणों में नवीनतम सिस्टम अपडेट इंस्टॉल करने, ऑटोमैटिक अपडेट सक्षम करने, किसी संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करने, विश्वसनीय स्रोत से ही ऐप डाउनलोड करने तथा अनधिकृत थर्ड-पार्टी ऐप्स से सावधानी बरतने की सलाह दी है।
विश्लेषकों का कहना है कि यह चेतावनी एक महत्वपूर्ण संकेत है कि उपभोक्ता उपकरण और स्मार्ट-गैजेट्स अब सिर्फ मनोरंजन-उपकरण नहीं रहे—वे संवेदनशील डेटा और व्यवसाय-प्रक्रियाओं को हैंडल करते हैं। इसलिए इन्हें साइबर सुरक्षा-दृष्टि से प्राथमिकता मिल रही है। - UNA
13 Nov 25भारत सरकार ने Indian Computer Emergency Response Team (CERT-In) के माध्यम से Apple iPhone, iPad, Mac, Watch, Safari सहित अन्य उत्पादों के लिए “उच्च गंभीरता” का चेतावनी जारी की
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